नार्वे सरकार ने प्राथमिक विद्यालयों में जेनरेटिव आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) उपकरणों के उपयोग पर लगभग पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है। यह कदम छात्रों की शिक्षा और मूल्यांकन में एआई के संभावित दुरुपयोग को रोकने के उद्देश्य से उठाया गया है। हालांकि, उच्च शिक्षा स्तरों पर एआई के उपयोग को पूरी तरह से प्रतिबंधित नहीं किया जाएगा, बल्कि उस पर नियंत्रण रखा जाएगा। सरकार का मानना है कि प्राथमिक विद्यालय के छात्रों के लिए स्वतंत्र रूप से सोचने और सीखने की क्षमता विकसित करना महत्वपूर्ण है, और एआई का अत्यधिक उपयोग इस प्रक्रिया को बाधित कर सकता है। यह नीति एआई के शैक्षणिक उपयोग के संबंध में नार्वे की सावधानीपूर्वक और सतर्क दृष्टिकोण को दर्शाती है। इस प्रतिबंध से छात्रों की मौलिक लेखन और समस्या-समाधान कौशल को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। सरकार भविष्य में एआई के उपयोग पर पुनर्विचार करने के लिए तैयार है, लेकिन फिलहाल प्राथमिक शिक्षा में इसका उपयोग सीमित करने पर जोर दिया जा रहा है।