डिजिटल सोने में निवेश के नाम पर लोगों को आकर्षक मुनाफे का लालच देकर धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया है। कई निवेशकों, जिनमें गृहिणियां भी शामिल हैं, ने मासिक खर्च से पैसे बचाकर डिजिटल सोना खरीदा, क्योंकि उन्हें बिना जोखिम के दस प्रतिशत मासिक लाभ का वादा किया गया था। यह योजना 'वदिआह-मुशाराका' नामक एक विशेष वित्तीय मॉडल पर आधारित थी, जिसके बारे में निवेशकों को पूरी जानकारी नहीं थी। जांच में पता चला है कि यह एक संगठित धोखाधड़ी हो सकती है, जिसमें निवेशकों को लुभाने के लिए झूठे वादे किए गए थे। अधिकारियों ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है और निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। इस तरह के निवेशों में शामिल जोखिमों को समझने और किसी भी वित्तीय निर्णय लेने से पहले पूरी तरह से जांच-पड़ताल करने की आवश्यकता है। यह घटना डिजिटल निवेशों में बढ़ती धोखाधड़ी के प्रति चिंता बढ़ाती है।