म्पुमलांगा उच्च न्यायालय ने एक महिला को आरडीपी आवास से बेदखल करने का आदेश दिया है। यह मामला संपत्ति के स्वामित्व को लेकर था। अदालत ने माना कि पंजीकृत टाइटल डीड कानूनी स्वामित्व का निर्णायक प्रमाण है। संपत्ति के पंजीकृत मालिक को संपत्ति पर कब्जा और नियंत्रण करने का अधिकार है। महिला का दावा था कि उसने यह घर अपने माता-पिता से खरीदा था, जिसके लिए उसने एफिडेविट भी पेश किया था। हालांकि, अदालत ने टाइटल डीड को अधिक महत्वपूर्ण माना। इस फैसले के बाद महिला बेघर हो गई है और संपत्ति मालिक अब घर पर कब्जा कर सकता है। अदालत का यह फैसला संपत्ति स्वामित्व के कानूनी पहलुओं को स्पष्ट करता है।