1784 में, 'एम्प्रेस ऑफ़ चाइना' नामक एक जहाज़ न्यूयॉर्क बंदरगाह से चीन के लिए रवाना हुआ, जो उस समय किंग राजवंश द्वारा शासित था। यह यात्रा अमेरिका के चीन के साथ व्यापारिक संबंधों की शुरुआत थी, जब अमेरिकी स्वतंत्रता की घोषणा हुई थी। जहाज़ ने कैंटन में लंगर डाला, जो एकमात्र ऐसा बंदरगाह था जहाँ किंग सरकार पश्चिमी समुद्री व्यापार की अनुमति देती थी। यह घटना अमेरिका के लगभग 250 साल पुराने चीन के सपने की शुरुआत थी। हालांकि, यह सपना अब अमेरिका के लिए एक बड़ी रणनीतिक चुनौती बन गया है। शुरुआती दौर में, अमेरिका का उद्देश्य चीन के साथ व्यापार के माध्यम से लाभ प्राप्त करना था, लेकिन अब दोनों देशों के बीच जटिल राजनीतिक और आर्थिक प्रतिस्पर्धा है। इस यात्रा ने दोनों देशों के बीच संबंधों की लंबी और परिवर्तनशील कहानी की नींव रखी।