पंजाब सरकार ने मंगलवार को कैमरे वाले स्मार्ट चश्मे और रोजमर्रा की वस्तुओं के रूप में छिपे हुए कैमरों के उपयोग और बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह प्रतिबंध पंजाब गृह विभाग के सचिव द्वारा आपराधिक प्रक्रिया संहिता 1898 की धारा 144 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए तुरंत प्रभाव से जारी किया गया है। आदेश में कहा गया है कि कोई भी व्यक्ति ‘छिपी हुई रिकॉर्डिंग क्षमता वाले कैमरे वाले स्मार्ट चश्मे’ या ‘पेन, कीचेन आदि जैसी रोजमर्रा की वस्तुओं के रूप में प्रच्छन्न रिकॉर्डिंग क्षमता वाले लघु कैमरे’ नहीं पहनेगा या संचालित नहीं करेगा। लैपटॉप, हैंडहेल्ड टैबलेट, मोबाइल फोन और पाकिस्तान दूरसंचार प्राधिकरण (पीटीए) द्वारा अनुमोदित टर्मिनल उपकरण इससे बाहर रखे गए हैं। सरकार ने रिटेलर्स, थोक विक्रेताओं, व्यापारियों और वितरकों को इन उपकरणों को ऑनलाइन या दुकानों में बेचने से भी प्रतिबंधित कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि पंजाब में इन चश्मों और प्रच्छन्न कैमरों का अनियंत्रित उपयोग सार्वजनिक व्यवस्था, व्यक्तिगत गोपनीयता, खासकर महिलाओं और बच्चों की गरिमा और सुरक्षा तथा संवेदनशील डेटा और प्रतिष्ठानों के लिए "गंभीर जोखिम" पैदा कर सकता है। हवाई अड्डों, परीक्षा केंद्रों, सुरक्षित सरकारी प्रतिष्ठानों और शॉपिंग मॉल जैसे स्थानों को विशेष रूप से संवेदनशील माना गया है।