मोरक्को के 'हिसप्रेस' समाचार पत्र में प्रकाशित एक लेख चुनाव के मौसम में भाषा के महत्व पर प्रकाश डालता है। लेख में बताया गया है कि कैसे चुनाव के समय भाषा अपनी सर्वश्रेष्ठ अभिव्यक्ति प्राप्त करती है, और सड़कों पर एक राजनीतिक तमाशा देखने को मिलता है, जहाँ नागरिक अपने वोट एक छोटे से बॉक्स में डालते हैं, जबकि उम्मीदवार एक पूरे देश की आकांक्षाओं को अपनी जेब में रखते हैं। लेख दो अरबी शब्दों - "सवाता" (वोट देना) और "सवाटा" (कोड़े मारना) - के बीच सूक्ष्म अंतर पर केंद्रित है, जो केवल एक पतली रेखा से अलग हैं। यह रेखा स्वतंत्रता की पसंद से लेकर [अधूरा वाक्य] तक फैली हुई है। यह लेख राजनीतिक प्रक्रिया की विडंबना और भाषा की शक्ति को दर्शाता है। यह मतदाताओं और राजनेताओं के बीच संबंधों पर एक सूक्ष्म टिप्पणी है।
English
Français
Español
हिन्दी
中文