अमेरिकी सरकार का मानना है कि अंतर्राष्ट्रीय दंड न्यायालय (आईसीसी) "भ्रष्ट और गहराई से राजनीतिक" है। विदेश मंत्री रुबियो ने नए प्रतिबंधों की घोषणा की है। यह कदम डोनाल्ड ट्रम्प प्रशासन द्वारा न्यायालय को "व्यवस्थित रूप से नष्ट" करने के स्पष्ट इरादे का संकेत देता है। अमेरिका का कहना है कि आईसीसी की जांच उचित नहीं है और यह अमेरिकी नागरिकों को निशाना बना रही है। इन प्रतिबंधों का उद्देश्य न्यायालय के काम में बाधा डालना और उसकी विश्वसनीयता को कम करना है। यह कार्रवाई अंतर्राष्ट्रीय कानून और न्याय के सिद्धांतों पर गंभीर सवाल उठाती है। इस फैसले से आईसीसी के भविष्य और अंतर्राष्ट्रीय न्याय व्यवस्था पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ सकता है।