अमेरिका ने क्यूबा की सरकारी तेल और गैस कंपनी पर नए प्रतिबंध लगाए हैं, जिससे हवाना सरकार पर दबाव बढ़ गया है। यह कदम क्यूबा में गंभीर ऊर्जा संकट के बीच उठाया गया है। प्रतिबंधों की घोषणा ऐसे समय में हुई है जब चीन और क्यूबा के वरिष्ठ अधिकारियों ने द्विपक्षीय सहयोग और पार्टी-से-पार्टी संबंधों पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से चर्चा की। चीनी अधिकारी लियू हाइशिंग और क्यूबा के अधिकारियों ने इस बैठक में भाग लिया। यह कार्रवाई क्यूबा और चीन के बीच बढ़ते संबंधों के बीच अमेरिका की चिंता को दर्शाती है। अमेरिका का मानना है कि ये प्रतिबंध क्यूबा की अर्थव्यवस्था पर दबाव डालेंगे और राजनीतिक बदलाव को प्रोत्साहित करेंगे। क्यूबा सरकार ने इन प्रतिबंधों की निंदा की है और इसे अंतर्राष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है।