रूस-यूक्रेन युद्ध ने सैन्य विमानन के सिद्धांतों को नया आकार दिया है। प्रारंभ में, हेलीकॉप्टरों ने अज़ोवस्टाल स्टीलवर्क की रक्षा कर रहे यूक्रेनी सैनिकों को साहसी आपूर्ति मिशनों में शामिल किया। इसके बाद, उन्होंने बेलगोरोड में रूसी तेल डिपो पर पहला हमला किया। धीरे-धीरे, हेलीकॉप्टर युद्ध के मैदान से पीछे हट गए और ड्रोन के खिलाफ हवाई रक्षा संपत्ति के रूप में एक नई भूमिका निभाने लगे। यह युद्ध हेलीकॉप्टरों की बदलती भूमिका और ड्रोन युग में उनकी प्रासंगिकता को दर्शाता है। यह सैन्य रणनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव का संकेत देता है।