युगांडा में सेवानिवृत्त बिशपों के एक समूह ने जनरल मुहुजी कैनेरुगाबा, जो कि रक्षा बलों के प्रमुख हैं, की हालिया कार्रवाईयों पर खुलकर विरोध जताया है। पूर्व बिशप ने मीडिया संस्थानों पर हो रहे हमलों और कथित अपहरणों को लेकर जनरल मुहुजी को चुनौती दी है। उनका कहना है कि जनरल मुहुजी युगांडा में सर्वोच्च प्राधिकारी नहीं हैं और उन्हें देश के कानूनों का उल्लंघन करने वाले कार्यों को रोकना चाहिए। बिशपों ने इस बात पर जोर दिया है कि सेना को कानून के दायरे में काम करना चाहिए और नागरिकों के अधिकारों का सम्मान करना चाहिए। यह बयान युगांडा में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और मानवाधिकारों को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच आया है। बिशपों का यह हस्तक्षेप सरकार और सेना पर बढ़ते दबाव का संकेत है। इस मामले पर अभी तक जनरल मुहुजी की कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।