जी7 शिखर सम्मेलन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ हुए समझौते के बाद एक चौंकाने वाला बयान दिया है। उन्होंने कहा कि ईरान के पास कुछ बैलिस्टिक मिसाइलें होना ठीक है। इससे पहले, ट्रंप ने ईरान पर समझौते का पालन न करने पर उसे बम से उड़ाने की धमकी भी दी थी। उनका दावा है कि ईरान पर अतिरिक्त हमले वैश्विक आर्थिक संकट का कारण बन सकते थे। इस बयान से ट्रंप प्रशासन की ईरान नीति में एक बदलाव का संकेत मिलता है। यह समझौता ईरान के परमाणु कार्यक्रम को सीमित करने के उद्देश्य से किया गया था। ट्रंप का यह रुख, ईरान के साथ तनाव कम करने की दिशा में एक कदम माना जा रहा है, लेकिन उनकी पिछली धमकियों के कारण स्थिति अभी भी अनिश्चित बनी हुई है।