कुछ लोगों का मानना है कि अधिक पसीना आना बेहतर स्वास्थ्य का संकेत है। व्यायाम के बाद पसीने से तर कपड़े देखकर कई लोग मानते हैं कि उन्होंने प्रभावी कसरत की है। हालांकि, यह धारणा हमेशा सटीक नहीं होती है। पसीने की मात्रा व्यक्ति की शारीरिक क्षमता, वातावरण और व्यायाम की तीव्रता जैसे कारकों पर निर्भर करती है। अधिक पसीना आना हमेशा बेहतर स्वास्थ्य का प्रमाण नहीं है, और कम पसीना आना अस्वास्थ्यकर होने का संकेत नहीं देता है। शरीर का तापमान नियंत्रित करने की क्षमता ही पसीने का मुख्य कार्य है। इसलिए, पसीने की मात्रा को स्वास्थ्य का एकमात्र पैमाना नहीं मानना चाहिए।
