सेनेगल में, राष्ट्रपति द्वारा प्रस्तावित संवैधानिक जनमत संग्रह को लेकर राजनीतिक विवाद जारी है। विपक्षी नेता उस्मान सोनको ने इस प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर संदेह व्यक्त किया है, इसे "धोखा" और समय बर्बाद करने का एक तरीका बताया है। सोनको का मानना है कि सरकार वास्तव में जनमत संग्रह आयोजित करने का इरादा नहीं रखती है। उन्होंने विपक्षी दलों से राष्ट्रपति से जनमत संग्रह की सटीक तारीख पूछने का आग्रह किया है, ताकि नागरिकों को स्थिति स्पष्ट हो सके। सोनको ने यह भी दावा किया कि नए संविधान को नागरिकों का व्यापक समर्थन प्राप्त होगा। उन्होंने आगामी चुनावों में अपनी पार्टी की जीत का आत्मविश्वास भी व्यक्त किया।