न्यूजीलैंड में धोखाधड़ी को रोकने के प्रयासों के तहत, ‘पेयी चेक’ प्रणाली का दायरा बढ़ाया जा रहा है। अब यह प्रणाली फिनटेक कंपनियों और अन्य गैर-बैंक वित्तीय सेवा प्रदाताओं पर भी लागू होगी। वाणिज्य और उपभोक्ता मामलों के मंत्री कैमरन ब्रूवर के अनुसार, यह कदम ऑनलाइन धोखाधड़ी से उपभोक्ताओं को बचाने में मदद करेगा। इसके साथ ही, फेयर ट्रेडिंग अधिनियम में भी बदलाव किए गए हैं, जिससे ऑनलाइन सेवा प्रदाता संदिग्ध धोखाधड़ी वाली सामग्री को तेजी से हटाने में सक्षम होंगे। इस पहल का उद्देश्य लोगों को वित्तीय नुकसान से बचाना है। सरकार का मानना है कि यह बदलाव धोखाधड़ी करने वालों के लिए मुश्किलें खड़ी करेगा और उपभोक्ताओं के लिए ऑनलाइन लेनदेन को सुरक्षित बनाएगा। यह प्रणाली बैंकों में पहले से ही लागू थी और अब इसे व्यापक रूप से विस्तारित किया जा रहा है।