सऊदी अरब में इस वर्ष की शुरुआत से अब तक 100 लोगों को मौत की सज़ा दी जा चुकी है। इन मृतकों में विभिन्न देशों के नागरिक शामिल हैं, जिनमें इथियोपिया, पाकिस्तान, सूडान, यमन और सीरिया के लोग प्रमुख हैं। ज़्यादातर मामलों में, इन लोगों को नशीले पदार्थों से जुड़े अपराधों के लिए दोषी ठहराया गया था। इथियोपिया के 12 नागरिक, पाकिस्तान के 7, सूडान के 6, यमन और सीरिया के 4-4 नागरिक इस वर्ष सज़ा पाए हैं। यह संख्या सऊदी अरब में मौत की सज़ा के इस्तेमाल को लेकर चिंताएं बढ़ा रही है। मानवाधिकार संगठन अक्सर इस पर सवाल उठाते रहे हैं कि सऊदी अरब में आपराधिक न्याय प्रणाली निष्पक्ष नहीं है। सऊदी अरब सरकार का कहना है कि मौत की सज़ा न्याय सुनिश्चित करने और अपराध को रोकने के लिए ज़रूरी है।
