अभिनेत्री डेबोरा मोंटेइरो ने महामारी के दौरान दो बच्चों को जन्म दिया। प्रसव के तुरंत बाद, लगभग एक महीने के भीतर ही उन्हें काम पर लौटना पड़ा। अत्यधिक थकान और अकेलेपन की भावना बढ़ने लगी, जिसके कारण उन्हें महसूस हुआ कि उन्हें मदद की ज़रूरत है। उन्होंने प्रसवोत्तर अवसाद से जूझने के अपने अनुभव को साझा किया है, जिसमें उन्होंने बताया कि वह दौर उनके लिए कितना निराशाजनक था। यह मामला कामकाजी माताओं के सामने आने वाली चुनौतियों और मानसिक स्वास्थ्य के महत्व पर प्रकाश डालता है। डेबोरा का अनुभव दर्शाता है कि प्रसव के बाद शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों का ध्यान रखना कितना ज़रूरी है। उन्होंने अपनी कहानी साझा करके अन्य माताओं को भी मदद लेने के लिए प्रेरित किया है जो समान परिस्थितियों का सामना कर रही हैं।
