सरकार ने तीन बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉज़) के निजीकरण को आकर्षक बनाने के लिए निवेशकों को 20 प्रतिशत रिटर्न देने का प्रस्ताव रखा है। यह कदम डिस्कॉज़ के वित्तीय संकट और सरकार पर उनके बोझ को कम करने के उद्देश्य से उठाया गया है। सरकार का लक्ष्य इन कंपनियों को निजी हाथों में सौंपकर दक्षता बढ़ाना और बेहतर सेवाएं प्रदान करना है। इस प्रस्ताव में डिस्कॉज़ की संपत्ति और देनदारियों का पुनर्गठन भी शामिल है। निवेशकों को आकर्षित करने के लिए सरकार ने कर रियायतें और अन्य प्रोत्साहन देने पर भी विचार किया है। हालांकि, कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि 20 प्रतिशत रिटर्न का वादा व्यवहार्य नहीं हो सकता है और इससे भविष्य में समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। सरकार का कहना है कि वह निजीकरण प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।