उत्तरी अमेरिका में आयोजित फुटबॉल विश्व कप से होने वाला कार्बन उत्सर्जन, क़तर में हुए पिछले विश्व कप से दोगुने से भी अधिक होने का अनुमान है। इसका मुख्य कारण खिलाड़ियों, अधिकारियों और दर्शकों की हवाई यात्राओं की संख्या में भारी वृद्धि है। हवाई यात्राओं के कारण होने वाला उत्सर्जन, विश्व कप से जुड़ी अन्य गतिविधियों से होने वाले उत्सर्जन को भी पीछे छोड़ रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि विश्व कप जैसे बड़े आयोजनों के पर्यावरणीय प्रभाव को कम करने के लिए यात्रा के विकल्पों पर ध्यान देना आवश्यक है। इस बार आयोजन स्थल कई शहरों में फैले हुए हैं, जिससे हवाई यात्रा की आवश्यकता और भी बढ़ गई है। उत्सर्जन को कम करने के लिए टिकाऊ परिवहन विकल्पों को बढ़ावा देने की आवश्यकता है। आयोजकों पर भी पर्यावरण के अनुकूल उपायों को अपनाने का दबाव बढ़ रहा है।