पूर्व उपराष्ट्रपति अतिक्‍यू अबूबकर ने नाइजीरिया में विपक्ष को दंडित करने के लिए अदालतों के इस्तेमाल को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने इस मामले को संवैधानिक स्वतंत्रता और न्याय व्यवस्था के लिए हानिकारक बताया है। अतिक्‍यू ने आगाह किया है कि इस तरह की कार्रवाई नाइजीरिया के लोकतांत्रिक सिद्धांतों को कमजोर कर सकती है। उनका यह बयान, पूर्व गवर्नर एल-रुफई से संबंधित हालिया घटनाओं के संदर्भ में आया है। उन्होंने न्यायपालिका की स्वतंत्रता और निष्पक्षता बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया है। अतिक्‍यू ने सरकार से आग्रह किया है कि वह राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही में हस्तक्षेप न करे। इस मामले ने नाइजीरियाई राजनीति में बहस छेड़ दी है और कानूनी विशेषज्ञों ने भी इस पर अपनी राय व्यक्त की है।