उत्तरी इज़राइल पर हिज़्बुल्लाह द्वारा ड्रोन हमले के बाद, सुरक्षा कैबिनेट के सदस्य बेज़लल स्मोट्रिच और इतमार बेन-गवीर ने तत्काल सैन्य कार्रवाई का आह्वान करते हुए केवल सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया व्यक्त की। दोनों मंत्रियों ने प्रत्यक्ष रूप से कार्रवाई करने के बजाय, सोशल मीडिया पर ही अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करने का विकल्प चुना। उन्होंने दाहिया पर हमले की वकालत की, लेकिन कैबिनेट में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इस घटना ने मंत्रियों की प्रतिक्रियाओं में अंतर और सुरक्षा संबंधी मुद्दों पर त्वरित निर्णय लेने की आवश्यकता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आलोचकों का कहना है कि यह स्थिति गंभीर सुरक्षा चुनौतियों के प्रति एक लापरवाह रवैया दर्शाती है। फिलहाल, सरकार की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, तत्काल कार्रवाई की उम्मीद थी।
