फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने डोनाल्ड ट्रंप को वर्साय में रात्रिभोज देकर यूक्रेन, हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर अमेरिका का समर्थन हासिल करने का प्रयास किया है। यह कदम ट्रंप के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) निर्यात प्रतिबंधों के बीच आया है, जिससे यूरोप की तकनीक पर निर्भरता उजागर हुई है। प्रतिबंधों के कारण यूरोप, एआई तकनीक के लिए सिलिकॉन वैली पर अत्यधिक निर्भर हो सकता है। मैक्रों का ट्रंप को रिझाने का प्रयास इस बात का संकेत है कि यूरोप एआई क्रांति में अपनी स्वायत्तता बनाए रखने के लिए चिंतित है। यह घटनाक्रम इस सवाल को जन्म देता है कि क्या चापलूसी से एआई के क्षेत्र में यूरोप की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है। फिलहाल, यूरोप की तकनीक भविष्य में अमेरिकी नीतियों के प्रभाव में आ सकती है।
