अमेरिकी संघीय न्यायाधीश ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया। यह फैसला पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन द्वारा फ़िलिस्तीनी समर्थक कार्यकर्ताओं के खिलाफ़ उठाए गए कदमों को अवैध ठहराता है। ट्रंप प्रशासन ने इन कार्यकर्ताओं के इज़राइल की आलोचना करने और फ़िलिस्तीन के समर्थन में बोलने के आधार पर उनके वीज़ा रद्द कर दिए थे और उन्हें निर्वासित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी थी। न्यायाधीश ने कहा कि ये कदम असंवैधानिक हैं, क्योंकि ये कार्यकर्ताओं के अधिकारों का उल्लंघन करते हैं। इस फैसले से उन छात्रों और कार्यकर्ताओं को राहत मिली है जिन पर डिपोर्टेशन का खतरा था। यह मामला अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और राजनीतिक अधिकारों से जुड़ा हुआ है, और इस फैसले को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अदालत ने सरकार को इन कार्यकर्ताओं के मामलों पर पुनर्विचार करने का आदेश दिया है।