भ्रष्टाचार जांच में यह बात सामने आई है कि एक कर्मचारी ने साक्षात्कार से पहले उम्मीदवारों के लिए एक मूल्यांकन परीक्षा का मसौदा तैयार किया था। बाद में, उसी कर्मचारी और अन्य उम्मीदवारों को वही परीक्षा देने के लिए कहा गया। यह खुलासा नौकरी पाने की प्रक्रिया में संभावित अनियमितताओं की ओर इशारा करता है। जांच से पता चला है कि प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं थी और परिणाम पहले से ही तय किए जा सकते थे। इस मामले में शामिल कर्मचारी ने गवाही देते समय भावनात्मक क्षणों का सामना किया। यह मामला उच्च पद के लिए प्रतिस्पर्धा और उसमें होने वाली संभावित धोखाधड़ी को उजागर करता है। जांचकर्ता इस मामले की गहराई से छानबीन कर रहे हैं ताकि सच्चाई का पता लगाया जा सके।