पोलिश इंस्टीट्यूट ऑफ इंटरनेशनल अफेयर्स (PISM) की एक रिपोर्ट के अनुसार, पोलैंड में जीपीएस व्यवधान के दिनों की संख्या एक हजार से अधिक हो गई है। TVN24 के अनुसार, यह व्यवधान व्यवस्थित रूप से हो रहा है और इसके लिए रूस को जिम्मेदार माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि व्यवधान का स्रोत उपग्रह भी हो सकते हैं। बाल्टिक सागर क्षेत्र में यह समस्या विशेष रूप से गंभीर है। जीपीएस सिग्नल में यह व्यवधान नेविगेशन और संचार प्रणालियों को प्रभावित कर सकता है। इस स्थिति को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं और मामले की जांच जारी है। यह व्यवधान नागरिक और सैन्य दोनों क्षेत्रों में सुरक्षा के लिए खतरा पैदा कर सकता है।
