विश्व कप में जर्मन टीम के खराब प्रदर्शन के बाद, कोच नागेल्समैन पर तीखी आलोचना हो रही है। आलोचकों का कहना है कि उन्होंने अपनी टीम की क्षमताओं का गलत आकलन किया और खुद को भी अधिक आंका। इस हार के बाद, नागेल्समैन और जर्मन फुटबॉल संघ (DFB) के बीच संबंध गंभीर रूप से प्रभावित हुए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि इस रिश्ते को सुधारना अब मुश्किल है। नागेल्समैन की रणनीति और टीम चयन पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। यह स्पष्ट है कि विश्व कप में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद बदलाव की आवश्यकता है। भविष्य में टीम के प्रदर्शन को बेहतर बनाने के लिए नए दृष्टिकोण की तलाश की जाएगी।