ईंधन पर कर में कटौती समाप्त होने के बाद पेट्रोल और डीजल की कीमतों में वृद्धि होने की आशंका है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि पेट्रोल की कीमत लगभग 2.20 डॉलर प्रति लीटर और डीजल की कीमत 2.60 डॉलर प्रति लीटर तक बढ़ सकती है। यह वृद्धि आम उपभोक्ताओं पर आर्थिक बोझ बढ़ाएगी, खासकर उन लोगों पर जो दैनिक यात्रा के लिए वाहनों पर निर्भर हैं। सरकार ने पिछले साल ईंधन की कीमतों को कम रखने के लिए कर में कटौती की थी, लेकिन अब वह कटौती समाप्त हो गई है। इस फैसले से परिवहन लागत बढ़ने की संभावना है, जिसका असर वस्तुओं और सेवाओं की कीमतों पर भी पड़ सकता है। वाहन चालकों को अब ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी के लिए तैयार रहना होगा। यह स्थिति मुद्रास्फीति को और बढ़ा सकती है।