यूरोप में गर्मी का प्रकोप जारी है, जहाँ तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच गया है। इस गर्मी के कारण बिजली की मांग में भारी वृद्धि हुई है, खासकर एयर कंडीशनिंग के उपयोग के कारण। सौर ऊर्जा की उपलब्धता के बावजूद, पवन ऊर्जा की कमी से बिजली आपूर्ति पर दबाव बढ़ गया है। नतीजतन, शाम के समय बिजली की कीमतें बढ़ रही हैं क्योंकि मांग चरम पर होती है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह स्थिति बिजली बाजार पर गर्मी के प्रभाव को दर्शाती है। ऊर्जा की मांग और आपूर्ति के बीच असंतुलन के कारण उपभोक्ताओं को अधिक भुगतान करना पड़ सकता है। यह स्थिति आने वाले दिनों में भी जारी रहने की आशंका है।
