आजकल ‘क्लीन ईटिंग’ का चलन बढ़ रहा है, जिसमें पौष्टिक भोजन पर ज़ोर दिया जाता है। हालांकि, यह स्वस्थ आदतें अपनाने को प्रोत्साहित करता है, लेकिन सोशल मीडिया के प्रभाव में यह जुनून में बदल सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि अत्यधिक प्रतिबंधात्मक आहार शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों के लिए हानिकारक हो सकता है। ‘क्लीन ईटिंग’ के प्रति जुनून खाने के विकारों और चिंता को जन्म दे सकता है। संतुलित आहार और स्वस्थ जीवनशैली अपनाना महत्वपूर्ण है, लेकिन इसे जुनून में बदलने से बचना चाहिए। सोशल मीडिया पर दिखाए जाने वाले आदर्शों से प्रभावित होकर कठोर नियम बनाना स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है।