आजकल शीर्ष स्तर के सीईओ अपने शारीरिक स्वास्थ्य पर पहले से अधिक ध्यान दे रहे हैं, और मैराथन, ट्रायथलॉन या आयरनमैन जैसे कठिन खेलों में प्रशिक्षण ले रहे हैं। वे मानते हैं कि अच्छी शारीरिक क्षमता उनके पेशेवर जीवन में सफलता के लिए महत्वपूर्ण है। पहले के समय में जब सीईओ केवल सामाजिक कार्यक्रमों में भाग लेते थे और शराब का सेवन करते थे, वह दौर अब खत्म हो गया है। शारीरिक रूप से फिट रहने को अब कार्य क्षमता और नेतृत्व क्षमता का प्रतीक माना जाता है। विशेषज्ञ मानते हैं कि जो व्यक्ति स्वस्थ और ऊर्जावान है, उसे ही उच्च पदों पर नियुक्ति मिलने की संभावना अधिक होती है। यह प्रवृत्ति दर्शाती है कि कॉर्पोरेट जगत में अब शारीरिक फिटनेस को गंभीरता से लिया जा रहा है। इस बदलाव के साथ, शीर्ष अधिकारियों को अपनी दिनचर्या में काम और व्यायाम को संतुलित करना सीखना होगा।