शराब का सेवन मस्तिष्क की संरचना और कार्यप्रणाली दोनों को प्रभावित करता है। लगातार शराब पीने से मस्तिष्क के फ्रंटल क्षेत्रों में भूरे पदार्थ की मात्रा कम हो जाती है, इनाम प्रणाली की संवेदनशीलता घट जाती है और तनाव से जुड़ी प्रणालियों का सक्रियण बढ़ जाता है। अच्छी खबर यह है कि शराब छोड़ने के बाद इनमें से कुछ बदलाव ठीक हो सकते हैं। शुरुआती सुधार कुछ ही हफ्तों में दिखने लगते हैं। अध्ययन बताते हैं कि शराब छोड़ने के बाद मस्तिष्क अपनी संरचना और कार्यप्रणाली को पुन: व्यवस्थित करना शुरू कर देता है। यह पुनर्गठन बेहतर संज्ञानात्मक कार्यों और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार की ओर ले जा सकता है। यह शोध शराब की लत से जूझ रहे लोगों के लिए आशा की किरण प्रदान करता है।