ओगिल्वी ने आज एशिया-प्रशांत क्षेत्र के लिए 2026 विश्वास सूचकांक जारी किया है, जिसका शीर्षक है "प्रमाण की शक्ति"। इस व्यापक अध्ययन में पाया गया है कि 93% एशिया-प्रशांत उपभोक्ता विश्वास खोने पर चुपचाप अलग हो जाते हैं। यह अध्ययन दिखाता है कि विश्वास की हानि ब्रांडों के लिए एक महत्वपूर्ण लागत का कारण बन सकती है। ओगिल्वी ने एक नया AI 'विश्वास एजेंट' भी पेश किया है, जो विश्वास में कमी से होने वाले 'साइलेंट चर्न' की भविष्यवाणी और रोकथाम कर सकता है। रिपोर्ट में इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि उपभोक्ताओं के लिए ब्रांड की विश्वसनीयता कितनी महत्वपूर्ण है, और कैसे ब्रांड विश्वास बनाए रखने के लिए प्रमाण-आधारित दृष्टिकोण का उपयोग कर सकते हैं। यह सूचकांक भविष्य में ब्रांड रणनीति के लिए महत्वपूर्ण अंतर्दृष्टि प्रदान करता है। विश्वास बनाए रखने के लिए पारदर्शिता और प्रामाणिकता पर ध्यान केंद्रित करना आवश्यक है।