यमन सरकार ने हौथी विद्रोहियों द्वारा सऊदी अरब पर किए जा रहे हमलों के बाद टकराव के लिए अपनी तैयारी व्यक्त की है। हौथी विद्रोहियों ने सऊदी अरब के तेल बुनियादी ढांचे पर हमले बढ़ा दिए हैं और समुद्री नाकेबंदी भी लगा दी है। इससे इस ईरान समर्थित समूह के अभियान की वजह से क्षेत्रीय संघर्ष और बढ़ सकता है और लाल सागर से गुजरने वाले जहाजों के लिए खतरा पैदा हो सकता है। ये हमले एक नए मोर्चे को खोल सकते हैं जो पूरे क्षेत्र में अस्थिरता ला सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि ये कदम हौथी विद्रोहियों द्वारा अपनी मांगों को मनवाने का दबाव बनाने का एक प्रयास है। इस स्थिति से वैश्विक तेल आपूर्ति भी प्रभावित हो सकती है। यमन सरकार ने अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से हस्तक्षेप करने और इस खतरे को रोकने का आह्वान किया है।