यमन में हौथी विद्रोहियों द्वारा साउदी अरब पर घातक हमलों ने व्यापक संघर्ष के खतरे को बढ़ा दिया है। इस स्थिति में तुर्की और पाकिस्तान की भूमिका महत्वपूर्ण है, साथ ही संयुक्त राज्य अमेरिका के हस्तक्षेप की संभावना भी है। यदि संघर्ष बढ़ता है तो तेहरान को इससे क्या लाभ हो सकता है, इस पर भी विचार किया जा रहा है। ताइज शहर संघर्ष के मोर्चे पर निर्णायक साबित हो सकता है। यमन में गृहयुद्ध की स्थिति जटिल है और इस पर क्षेत्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ध्यान दिया जा रहा है। इस संकट के समाधान के लिए राजनयिक प्रयासों की आवश्यकता है।