फ़ुटबॉल विश्व कप में रेफ़री के फैसलों पर विवाद आम हैं। रेफ़री विशेषज्ञ जान-पीटर अराविरता के अनुसार, वीडियो तकनीक के बावजूद रेफ़री गलतियाँ करते हैं क्योंकि खेल की गति बहुत तेज़ होती है और निर्णय लेने के लिए उनके पास सीमित समय होता है। अराविरता का कहना है कि खिलाड़ियों और कोचों को विवादास्पद फैसलों के ख़िलाफ़ विरोध जताना चाहिए, क्योंकि इससे रेफ़री पर दबाव बनता है और भविष्य में बेहतर निर्णय लेने में मदद मिल सकती है। उनका मानना है कि विरोध प्रदर्शन "निश्चित रूप से" फायदेमंद हो सकता है। यह रणनीति रेफ़री को उनकी गलतियों का एहसास कराने और खेल की निष्पक्षता सुनिश्चित करने में सहायक हो सकती है। अराविरता ने रेफ़री की गलतियों के कारणों और विरोध प्रदर्शन के महत्व पर प्रकाश डाला है।