विश्व कप के आयोजन के बावजूद, अंतरराष्ट्रीय यात्रा में कमी के कारण कई होटल अपने दरों में कटौती कर रहे हैं। पर्यटन उद्योग अपेक्षाओं पर खरा उतरने में विफल रहने और बढ़ती निराशा से जूझ रहा है। महंगे खर्चों के कारण कई प्रशंसक विश्व कप देखने के लिए यात्रा करने से हिचकिचा रहे हैं, जिसका सीधा असर होटल और एयरलाइन व्यवसायों पर पड़ रहा है। उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि विश्व कप से पर्यटन में अपेक्षित उछाल नहीं आया है। होटल व्यवसायियों को कम बुकिंग के कारण नुकसान हो रहा है, जबकि एयरलाइनों को भी यात्रियों की कम संख्या का सामना करना पड़ रहा है। यह स्थिति पर्यटन क्षेत्र के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। उम्मीद है कि भविष्य में स्थिति सुधरेगी, लेकिन फिलहाल, विश्व कप का पर्यटन पर सकारात्मक प्रभाव सीमित दिखाई दे रहा है।