वारसॉ के एक अस्पताल में पूर्व पार्षद और डॉक्टर डेविड काक्प्रज़िक से जुड़े एक विवाद में, यह सामने आया कि उन्होंने अस्पताल के आपातकालीन विभाग के समन्वयक के रूप में एक वर्ष में 1.5 मिलियन ज़्लॉटी से अधिक की कमाई की। मीडिया रिपोर्टों में यह भी दावा किया गया कि अस्पताल में राजनेताओं के लिए एक विशेष वीआईपी कमरा था, जिसे अस्पताल प्रशासन ने खंडन किया है। शहर प्रशासन ने बताया कि काक्प्रज़िक ने अपने जारी किए गए चालानों को संशोधित किया है और 0.5 मिलियन ज़्लॉटी वापस कर दिए हैं। इस मामले को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं आ रही हैं, जिसमें लोग इस पर आलोचनात्मक टिप्पणी कर रहे हैं। यह घटना सार्वजनिक धन के उपयोग और पारदर्शिता से जुड़े सवाल उठाती है। जांच जारी है और आगे की जानकारी का इंतजार है। यह मामला पोलैंड में राजनीतिक हलकों में भी चर्चा का विषय बना हुआ है।