वारसॉ के एक अस्पताल में आपातकालीन विभाग के समन्वयक के रूप में काम करने वाले युवा डॉक्टर और नागरिक गठबंधन के पार्षद, डेविड काक्प्रज़िक ने पिछले वर्ष ₹1.6 करोड़ की आय अर्जित की। “गजेटा विबोर्चा” के अनुसार, उनके पास विशेषज्ञता नहीं होने के कारण उन्हें यह पद नहीं मिलना चाहिए था। काक्प्रज़िक ने अस्पताल में इस पद पर रहते हुए महत्वपूर्ण आय प्राप्त की है। समाचार रिपोर्टों में उनकी विशेषज्ञता की कमी को लेकर चिंता व्यक्त की गई है, जिससे उनकी नियुक्ति पर सवाल उठ रहे हैं। यह मामला सार्वजनिक बहस का विषय बन गया है, जिसमें उनकी योग्यता और पद के लिए उनकी उपयुक्तता पर सवाल उठाए जा रहे हैं। फिलहाल, इस मामले पर अस्पताल प्रशासन या काक्प्रज़िक की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। यह घटना स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में पारदर्शिता और योग्यता के महत्व पर प्रकाश डालती है।