सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में दावा किया गया था कि ईडीएसए रैली में मुसलमानों की बड़ी संख्या में भागीदारी थी। लेकिन, तथ्य जांच से पता चला है कि यह वीडियो ईडीएसए का नहीं है। यह वीडियो वास्तव में कोताबेटो सिटी में हुए एक अलग विरोध प्रदर्शन का है। यह दावा पूरी तरह से गलत और भ्रामक है। इस वीडियो को गलत सूचना फैलाने के उद्देश्य से साझा किया गया था। सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं से अनुरोध है कि वे बिना पुष्टि किए किसी भी जानकारी को आगे न बढ़ाएं। यह घटना ऑनलाइन गलत सूचना के प्रसार और उसके संभावित खतरों को उजागर करती है।