टुलियो रामिरेज़ ने स्वीकार किया है कि अपने बचपन और शुरुआती किशोरावस्था में, वे अपने साथियों के साथ विवादों को मुक्कों से सुलझाते थे। उनका कहना है कि उस समय, अपमान के सामने कोई अन्य विकल्प दिखाई नहीं देता था। रामिरेज़ ने यह खुलासा 'TalCual' में प्रकाशित अपने लेख 'ऑरा की खेती' में किया है। उन्होंने शर्मिंदगी के साथ इस बात को स्वीकार किया कि वे उस समय हिंसा का सहारा लेते थे। यह लेख उनके व्यक्तिगत अनुभवों और चिंतन को दर्शाता है। यह स्वीकारोक्ति अतीत के व्यवहार पर विचार करने और व्यक्तिगत विकास को दर्शाती है। रामिरेज़ की यह स्वीकारोक्ति, उस समय की सामाजिक परिस्थितियों और युवावस्था के अनुभवों पर प्रकाश डालती है।