वेनेज़ुएला के तेल निर्यात पर अब सीधे सरकारी नियंत्रण नहीं रहा है, बल्कि यह निजी व्यापारियों, समुद्री दलालों और अपतटीय संरचनाओं पर निर्भर हो गया है। पेट्रोलेओस डी वेनेज़ुएला (PDVSA) ने तेल के मार्गों, भुगतान और बिक्री पर अपना परिचालन नियंत्रण खो दिया है। तेल की खेप अब एशिया तक पहुँचने के लिए गुप्त जहाजों, भारी छूटों और निजी नेटवर्क का उपयोग कर रही है, जिससे भ्रष्टाचार, राजनीतिक और वित्तीय जोखिमों के कारण अरबों डॉलर का मुनाफा निजी हाथों में जा रहा है। यह एक समानांतर अर्थव्यवस्था का निर्माण करता है जो पारदर्शिता को कम करती है। स्थिति दर्शाती है कि वेनेज़ुएला अब अपने तेल संसाधनों पर पूरी तरह से संप्रभुता नहीं रख पा रहा है। यह तेल उद्योग में व्यापक अनियमितताओं और जवाबदेही की कमी को उजागर करता है। इस बदलाव से देश की अर्थव्यवस्था पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है।
