अमेरिका ने ईरान युद्ध को समाप्त करने के उद्देश्य से एक समझौते के तहत ईरान के तेल निर्यात पर लगे प्रतिबंधों में अस्थायी छूट दी है। इस छूट के परिणामस्वरूप ईरान को अगले 60 दिनों में अनुमानित 4.7 खरब वोन (लगभग ₹30,000 करोड़) का राजस्व प्राप्त होने की उम्मीद है। यह कदम ईरान के तेल निर्यात को बढ़ावा देगा, जिससे वैश्विक तेल बाजार पर प्रभाव पड़ सकता है। संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने के प्रयासों के तहत यह निर्णय लिया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह छूट दोनों देशों के बीच आगे की बातचीत के लिए एक अवसर प्रदान कर सकती है। हालांकि, यह छूट अस्थायी है और भविष्य में इसकी शर्तों पर पुनर्विचार किया जा सकता है। इस विकास से ईरान की अर्थव्यवस्था को महत्वपूर्ण राहत मिलने की संभावना है।