अमेरिका के विदेश विभाग ने सोमवार को घोषणा की कि उसने जनवरी 2025 से, जब डोनाल्ड ट्रंप ने अपना दूसरा कार्यकाल शुरू किया, तब से 175,000 से अधिक वीज़ा रद्द कर दिए हैं। यह कार्रवाई ट्रंप प्रशासन की कड़ी आप्रवासन नीतियों का हिस्सा मानी जा रही है। विभाग ने वीज़ा रद्द करने के विशिष्ट कारणों का खुलासा नहीं किया है, लेकिन यह माना जा रहा है कि सुरक्षा चिंताएं और आप्रवासन नियमों का उल्लंघन इसके पीछे मुख्य कारण हैं। इस संख्या में छात्र, पर्यटक और कार्य वीजा सहित विभिन्न प्रकार के वीजा शामिल हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि इस कदम से अमेरिकी अर्थव्यवस्था और शैक्षणिक संस्थानों पर असर पड़ सकता है। यह घोषणा ऐसे समय में आई है जब अमेरिका में आप्रवासन को लेकर बहस जारी है। यह कार्रवाई ट्रंप प्रशासन की पिछली नीतियों की निरंतरता को दर्शाती है।