अमेरिका ने बुधवार को सऊदी अरब के साथ एक ऐतिहासिक समझौते की घोषणा की है। इस समझौते का उद्देश्य खाड़ी देश में एक नागरिक परमाणु कार्यक्रम स्थापित करना है। वाशिंगटन ने स्पष्ट किया है कि इस समझौते में परमाणु प्रसार के खिलाफ कड़े सुरक्षा उपाय शामिल हैं। यह कदम परमाणु हथियारों के प्रसार की चिंताओं को दूर करने के लिए उठाया गया है। इससे पहले, अमेरिका ने 2009 में सऊदी अरब के पड़ोसी देश संयुक्त अरब अमीरात के साथ भी एक परमाणु समझौता किया था। गौरतलब है कि संयुक्त अरब अमीरात अपने स्वयं के यूरेनियम का संवर्धन नहीं करता है। यह नया समझौता क्षेत्र में ऊर्जा और सुरक्षा समीकरणों को प्रभावित कर सकता है।