अमेरिकी वायुसेना ने लड़ाकू विमानों के समर्थन के लिए आधुनिक, लंबी दूरी के ड्रोन के उत्पादन को बढ़ाने के लिए 10 अरब डॉलर का अनुबंध किया है। यह अनुबंध दो उन्नत ड्रोन मॉडल के उत्पादन पर केंद्रित है। इन ड्रोन का उपयोग युद्धक्षेत्र में मानवयुक्त विमानों को सहायता प्रदान करने के लिए किया जाएगा। इस कदम से अमेरिकी वायुसेना की युद्ध क्षमता में वृद्धि होने की उम्मीद है। अनुबंध का उद्देश्य ड्रोन तकनीक में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना भी है। यह सौदा भविष्य के हवाई युद्धों में ड्रोन की बढ़ती भूमिका को दर्शाता है। अमेरिकी वायुसेना का मानना है कि ये ड्रोन महत्वपूर्ण रणनीतिक लाभ प्रदान करेंगे।
