उरुग्वे में ‘एन पैंटाला’ नामक पशुधन बाजार में तेजी देखी गई, जहाँ लगभग ९९.५५% पशुधन की आपूर्ति वितरित की गई। इस बाजार में सर्दियों और प्रजनन के लिए पशुओं की खरीद-बिक्री हुई। लटू (LATU) के माध्यम से तत्काल सौदे किए गए, और इटौ (Itaú) का भी समर्थन रहा। बाजार में हुई गतिविधियों से पता चलता है कि पशुधन की मांग बढ़ रही है और कीमतें भी बढ़ी हैं। यह बाजार किसानों और व्यापारियों के लिए एक महत्वपूर्ण मंच साबित हो रहा है। लटू और इटौ के सहयोग से पशुधन व्यापार को बढ़ावा मिल रहा है। कुल मिलाकर, यह पशुधन क्षेत्र के लिए एक सकारात्मक संकेत है।