आगामी विश्व कप 2026 में उलटफेर की प्रबल संभावना दिखाई दे रही है। केबो वर्डे, मोरक्को, नॉर्वे और स्कॉटलैंड जैसी टीमों ने अप्रत्याशित प्रदर्शन करते हुए बड़े टूर्नामेंट में अपनी जगह बनाई है। परंपरागत रूप से 'लॉट रोड' यानी कमजोर मानी जाने वाली ये टीमें अब किसी भी बड़ी टीम को चुनौती देने के लिए तैयार हैं। इस बदलाव से विश्व कप के ग्रुप चरण में प्रतिस्पर्धा का स्तर काफी बढ़ गया है। विश्लेषकों का मानना है कि ये टीमें अब सिर्फ भाग लेने नहीं, बल्कि जीतने के इरादे से मैदान में उतर रही हैं। इससे विश्व कप और भी रोमांचक होने की उम्मीद है, क्योंकि अब कोई भी टीम सुरक्षित नहीं है। यह बदलाव फुटबॉल जगत में एक नई लहर का संकेत है।
