आगामी विश्व कप 2026 से पहले, संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त ने अमेरिका की आप्रवासन नीतियों पर गंभीर चिंता व्यक्त की है। संयुक्त राष्ट्र का कहना है कि इन नीतियों के कारण संभावित रूप से मानवाधिकारों का उल्लंघन हो सकता है। विशेष रूप से, टूर्नामेंट के दौरान सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था और आप्रवासियों के साथ व्यवहार को लेकर सवाल उठाए गए हैं। उच्चायुक्त ने अमेरिका से अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार मानकों का पालन करने और आप्रवासियों के अधिकारों की रक्षा करने का आग्रह किया है। उन्होंने यह भी कहा कि खेल को एकता और समावेशिता को बढ़ावा देना चाहिए, न कि भेदभाव को। संयुक्त राष्ट्र ने अमेरिका से इस मुद्दे पर स्पष्टीकरण और ठोस कदम उठाने का अनुरोध किया है। यह मुद्दा विश्व कप की तैयारियों के बीच महत्वपूर्ण बना हुआ है।