पिछले एक सप्ताह से धार्मिक समूहों के विरोध प्रदर्शनों के कारण देश में व्यापक व्यवधान उत्पन्न हुआ था। इस दौरान सड़कों पर यातायात बाधित रहा, जिससे आर्थिक नुकसान हुआ। इस रिपोर्ट में, इन व्यवधानों के कारण हुए नुकसान का आकलन किया गया है, साथ ही यह भी जांच की गई है कि क्या प्रदर्शनकारियों को कोई लाभ हुआ। विरोध प्रदर्शन मुख्य रूप से धार्मिक मुद्दों से संबंधित थे और इनका उद्देश्य सरकार पर दबाव बनाना था। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के विरोध प्रदर्शनों से देश की छवि पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है और निवेशकों का विश्वास कम होता है। हालांकि, प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे अपने अधिकारों की रक्षा के लिए ऐसा करने को मजबूर थे। सरकार ने प्रदर्शनकारियों की मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया है।
