यूक्रेन रूस के तेल और गैस क्षेत्र पर लगातार दबाव बढ़ा रहा है। तेल रिफाइनरियों, तेल डिपो और पाइपलाइन बुनियादी ढांचे पर हमले की तीव्रता और संख्या में वृद्धि हुई है। इन हमलों का उद्देश्य रूस की ईंधन आपूर्ति क्षमता को बाधित करना है। माना जा रहा है कि यूक्रेन का यह अभियान रूस के तेल साम्राज्य के लिए एक गंभीर खतरा बन सकता है। विशेषज्ञ अनुमान लगा रहे हैं कि इन हमलों से रूस की ईंधन आपूर्ति में भारी कमी आ सकती है। यूक्रेन की ओर से इस रणनीति को रूस पर आर्थिक दबाव बढ़ाने के एक तरीके के रूप में देखा जा रहा है। इस स्थिति का वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी प्रभाव पड़ सकता है।