यूक्रेन ने मॉस्को के सबसे बड़े तेल रिफाइनरी पर हमला किया है, जो क्रेमलिन से मात्र 15 किलोमीटर दूर स्थित है। इस हमले से रूस की तेल शोधन क्षमता पर असर पड़ने की आशंका है। सूत्रों के अनुसार, व्लादिमीर पुतिन ने पहले ही रूस के प्रमुख वायु रक्षा प्रणालियों को राजधानी की सुरक्षा के लिए केंद्रित कर दिया था। हालांकि, यह सुरक्षा व्यवस्था हमले को रोकने में विफल रही। यह हमला यूक्रेन की जवाबी कार्रवाई का हिस्सा माना जा रहा है। फिलहाल, हमले से हुए नुकसान की सीमा स्पष्ट नहीं है, लेकिन यह रूस के लिए एक महत्वपूर्ण झटका हो सकता है। इस घटना से रूस-यूक्रेन युद्ध में तनाव और बढ़ने की संभावना है।
